नई दिल्ली,1 अक्टूबर 2026
दुबई से इजराइल जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट को क्रैश और हाईजैक की कोशिश से बचाने वाले भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार की बहादुरी की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तारीफ की है। पीएम मोदी ने कैप्टन मच्छार को ‘हीरो’ बताते हुए कहा कि गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद उन्होंने हिम्मत दिखाई और विमान में सवार लोगों की जान बचाने में अहम भूमिका निभाई।
पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर कहा कि कैप्टन स्मित मच्छार ने सबसे बड़े खतरे का सामना करते हुए असाधारण साहस दिखाया। उनकी बहादुरी ने सैकड़ों लोगों की जान बचाने और एक बड़ी त्रासदी को टालने में मदद की। प्रधानमंत्री ने कैप्टन मच्छार के जल्द स्वस्थ होने की कामना भी की।
32 हजार फीट की ऊंचाई पर हुई घटना
मामला फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 का है, जो 30 सितंबर को दुबई से तेल अवीव जा रही थी। विमान में 170 से अधिक लोग सवार थे, जिनमें करीब 120 इजराइली यात्री बताए गए हैं। विमान को भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार उड़ा रहे थे।
रिपोर्ट के मुताबिक, उड़ान के दौरान करीब 32 हजार फीट की ऊंचाई पर को-पायलट ने विमान को क्रैश और हाईजैक करने की कोशिश की। आरोप है कि को-पायलट ने कैप्टन स्मित मच्छार पर चाकू से हमला कर उन्हें गंभीर रूप से घायल कर दिया।
गंभीर चोट के बावजूद कैप्टन मच्छार ने विमान पर नियंत्रण बनाए रखा और कॉकपिट का दरवाजा खोलने में सफल रहे। इसके बाद यात्रियों और क्रू सदस्यों ने कॉकपिट तक पहुंचकर आरोपी को काबू करने में मदद की। अन्य पायलटों ने भी विमान का नियंत्रण संभालने में सहयोग किया।
गुजरात के रहने वाले हैं कैप्टन स्मित मच्छार
कैप्टन स्मित मच्छार मूल रूप से गुजरात के रहने वाले भारतीय नागरिक हैं। उन्होंने करीब 11 साल तक स्पाइसजेट में काम किया। इसके बाद जून 2022 में वह फ्लाईदुबई से जुड़े। वह बोइंग 737 विमान उड़ाते हैं और कमर्शियल एविएशन में 10 साल से अधिक का अनुभव रखते हैं।
कैप्टन मच्छार फ्लाईदुबई में डायरेक्ट-एंट्री कैप्टन के तौर पर जुड़े थे। उन्होंने वेलिंगकर इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट से बैचलर ऑफ बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन (BBA) की डिग्री हासिल की है।
इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी घटना के बाद भारतीय पायलट की बहादुरी की प्रशंसा की है।


