# Tags
#All #Employment #People #politics

खेती में डिजिटल क्रांति: एग्रीस्टेक परियोजना से छत्तीसगढ़ को मिली नई ताकत, 104 करोड़ की सहायता

tank123

रायपुर, 13 अप्रैल 2026

छत्तीसगढ़ में कृषि क्षेत्र को आधुनिक और तकनीक आधारित बनाने की दिशा में एग्रीस्टेक परियोजना नई क्रांति का आधार बन रही है। डिजिटल क्रॉप सर्वे के माध्यम से खेती-किसानी को डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़ते हुए पारदर्शिता और सटीकता बढ़ाई जा रही है, जिससे कृषि प्रबंधन अधिक प्रभावी हो रहा है।

85 प्रतिशत खसरों का डिजिटल सत्यापन पूरा

खरीफ वर्ष 2025 के तहत 33 जिलों के 18,008 गांवों में 1 करोड़ 19 लाख 68 हजार 415 खसरों का सर्वे किया गया, जिसमें से 1 करोड़ 18 लाख 07 हजार 537 खसरों को अनुमोदित किया गया है। इस तरह लगभग 85 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। वहीं रबी 2026 का सर्वे 1 जनवरी से जारी है।

79 प्रतिशत किसानों की बनी फार्मर आईडी

राज्य के 40 लाख से अधिक किसानों में से 31 लाख 68 हजार 555 किसानों का सत्यापन कर उनकी फार्मर आईडी बनाई जा चुकी है, जो कुल का 79.22 प्रतिशत है। उत्कृष्ट प्रदर्शन के चलते केंद्र सरकार ने 104 करोड़ रुपये की विशेष सहायता भी प्रदान की है।

तकनीक से मजबूत होगा कृषि तंत्र

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि सरकार किसानों को आधुनिक तकनीक से जोड़कर खेती को पारदर्शी और सक्षम बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। इस परियोजना से किसानों को योजनाओं का लाभ तेजी से मिलेगा और कृषि डेटा का बेहतर प्रबंधन संभव होगा।

58 हजार से अधिक युवाओं को मिला रोजगार

डिजिटल क्रॉप सर्वे ने ग्रामीण युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी खोले हैं। खरीफ सीजन 2025-26 में 58,335 युवाओं को सर्वेयर के रूप में काम मिला, जिनके लिए करीब 12 करोड़ रुपये का भुगतान किया जाएगा।

साल में दो बार मिलेगा रोजगार का मौका

अब खरीफ और रबी—दोनों सीजन में डिजिटल सर्वे होने से ग्रामीण युवाओं को साल में दो बार रोजगार मिलेगा, जिससे गांवों की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *